Showing posts with label शनिधाम. Show all posts
Showing posts with label शनिधाम. Show all posts

Saturday, March 28, 2009

द्वादश ज्योर्तिलिंग की स्थापना की

देसूरी,27 मार्च। यहां गुरू लाल भेग नवल आश्रम में शुक्रवार को द्वादश ज्योर्तिलिंग की स्थापना की गई। इस अवसर पर आश्रम को विशेष रूप से सजाया गया था।
संत मदन राजस्थानी के प्रेरणा से महंत लाल महाराज के निर्देशानुसार रूद्राक्ष वृक्ष तले शिल्पकार तरूण सोमपुरा के आर्थिक सहयोग से निर्मित चबूतरे पर पंडित रविशंकर ने विधिवत वैदिक मंत्रोच्चारण,ूमंगलाचरण व पूजा,अर्चना एवं अभिषेक के साथ की। समाजसेवी नरेश ओझा,ट्रस्ट अध्यक्ष टेकाराम प्रजापत,रतन जणवा,जयसिंह,बस्तीमल सोनल,राज चौहान,चिमनाराम मारू,प्रेम कण्डारा,मांगीलाल सैन,हस्तुबाई,नारायणलाल,गिरधारीलाल,सुमित्रा हंस,कूपाराम,भवानीसिंह,वोराराम मीणा,मुकेश चौधरी,भंवरलाल लौहार,भाणाराम कण्डारा,मदन ,हुकूम टेलर,रवि,लालाराम,जगदीश टॉक,आश्रम सहयोगी मुकेश वाघेला,थानाराम वाघेला सहित सहित कई महिला-पुरूष मौजूद थे।

Sunday, March 15, 2009

पंद्रह विधवाओं को हाथ लॉरी व नकद राशि दी

छह विकलांगों को तिपहिया साईकल भेंट की
देसूरी,14 मार्च।
शनिधाम ट्रस्ट ने पंद्रह विधवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से उन्हें एक-एक हाथ लॉरी व उससे व्यवसाय चलाने के लिए पांच-पांच हजार की नकद राशि मुहैया कराई हैं। इसी के साथ छह विकलांग जनों को तिपहिया साईकल भेंट की हैं।
गत दिनों दाती पं. मदन राजस्थानी ने यहां शनिधाम ट्रस्ट के प्रस्तावित निर्माण कार्यो के लिए आयोजित भूमि पूजन एवं प्रवचन के दौरान विधवाओं व विकलांग जनों के लिए अपनी इस महत्ती योजना की घोषणा की थी। इसके ठिक एक माह बाद उसे क्रियान्वित भी कर दिया।
यहां गुरू लाल भेग नवल आश्रम में शनिवार को आयोजित एक सादे कार्यक्रम में तहसीलदार हिम्मताराम मेहरा,सी.आई.नरेन्द्रसिंह शेखावत,ब्लॉक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश राठौड़,प्रधानाचार्य पुखराज सोलंकी,पूर्व सरपंच मोतीलाल चौधरी इत्यादि की मौजूदगी में पं. राजस्थानी के प्रमुख शिष्य महंत लाल महाराज राजस्थानी ने देसूरी निवासी जमनादेवी पत्नी खेताराम,श्रीमती सुखीदेवी पत्नी भीखाराम, श्रीमती मनभरीदेवी पत्नी अमृतलाल,श्रीमती देवीबाई पत्नी ड़ोवाराम,श्रीमती गजरादेवी पत्नी छोगाराम,देसूरी निवासी श्रीमती जायदा पत्नी कासम खां,श्रीमती दिवली पत्नी धर्माराम, सिन्दरली निवासी श्रीमती बबली पत्नी नेमाराम,करणवा निवासी लीला पत्नी अम्बालाल,आना निवासी श्रीमती विद्या पत्नी नारायणलाल,ढ़ालोप निवासी श्रीमती सायरी पत्नी बालाराम,नाड़ोल निवासी श्रीमती कन्यादेवी पत्नी पेमाराम,सांरगवास निवासी श्रीमती चम्पादेवी पत्नी नारायणलाल,काणा निवासी श्रीमती पिस्ता पत्नी खरताराम व गुड़ा भोपसिंह निवासी श्रीमती वरजूबाई पत्नी तेजाराम को एक-एक हाथ लॉरी व प्रत्येक को पांच-पांच हजार की नकद राशी भेंट की।
इसी तरह से सिन्दरली निवासी जसाराम पुत्र मालाराम मेघवाल,बिजापुर निवासी मनरूपराम पुत्र पदमाराम मीणा,घाणेराव निवासी लादाराम पुत्र नेतीराम राईका,मगरतलाव निवासी रमेशकुमार पुत्र भगाराम भील,घाणेराव निवासी सायरी पत्नी गंगाराम कुम्हार व कालूराम को तिपहिया साईकिल भेंट की। इस दौरान शिक्षक जयसिंह राठौड़,हितेश रामावत,लाल सेना अध्यक्ष नेनाराम प्रजापत,अधिवक्ता प्रवीणकुमार,समाजसेवी थानाराम वाघेला,सोहन मीणा,मुकेश वाघेला,चंपालाल सोलंकी,नारायणलाल,कूपाराम मेघवाल,चेलाराम सहित कई लोग मौजूद थे।

Tuesday, February 17, 2009

देसूरी में विश्वस्तरीय गौशाला का निर्माण होगा- पं.राजस्थानी


शनिधाम ट्रस्ट की ढ़ाई करोड़ की परियोजना का शुभारंभ परमात्मा को जानने के लिए सांसो की गति पहचाननी होगी देसूरी,16 फरवरी। शनिश्चरणानुरागी दाती पं. मदन राजस्थानी महाराज ने कहा कि कस्बे में शनिधाम ट्रस्ट द्वारा प्रस्तावित गौशाला विश्वस्तरीय होगी और बाद में यहां पॉलीटेकनीक प्रशिक्षण संस्थान व अनाथ एवं असहाय बालकों के लिए विद्यालय भी खोला जाएगा। इस पूरी परियोजना के लिए ट्रस्ट ढ़ाई करोड़ से भी अधिक की धनराशी खर्च करेगा। राजस्थानी रविवार देर रात यहां देसूरी-घाणेराव सडक़ मार्ग पर इस परियोजना को साकार करने के लिए हाल ही में खरीदी गई 70 बीघा भूमि के पूजन कार्यक्रम में मौजूद हजारों शनिभक्तों को प्रवचन दे रहे थे। उन्होंने भूमि पूजन के लिए कोई आडम्बर करने की जरूरत नहीं बताते हुए कहा जिस भूमि पर सत्संग के साथ ज्ञान गंगा प्रवाहित हो जाती हैं,वहीं असली भूमि पूजन माना जाता हैं। उन्होंने कहा कि यहां बनने वाली आधुनिक एवं सुसज्जीत गौशाला में पांच हजार गाएं पलेगी। उन्होंने तकनीकी शिक्षण संस्थान में बारह तरह के तकनिकी व्यवसायों का प्रशिक्षण दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि वे हर तहसील में बीस चुनिन्दा निर्धन,असहाय परित्यक्ता एवं विधवा महिलाओं को स्वरोजगार अपनाने लिए एक हाथठैला व पांच हजार रूपए मुहैया कराएगें। उन्होंने देसूरी क्षेत्र में यह पात्र महिलाओं की संख्या पच्चीस रखी। इसके अलावा अगले पखवाड़े 25 अपंग लोगों को ट्राई साईकिल भी उपलब्ध करवाने जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि अपने भीतर झांकने को प्रेरित करते हुए कहा मनुष्य अपने अन्तस में बसे ईश्वर को पहचान नहीं पाया और उसे खोजने के लिए मंदिर-गुरूद्वारे भटक रहा हैं। उन्होंने कहा कि जो गुर बताता हैं, भीतर-बाहर का फर्क मिटा दे और परमात्मा का परिचय करा दे,वहीं गुरू हैं। उन्होंने कहा कि पानी पीओ छान के और गुरू बनाओं के जान के। कुम्हार से मटका लेते वक्त उसें ठोंक बजा कर लेते हो,इसी तरह गुरू बनाते वक्त भी यहीं तरिका आजमाओं। उन्होंने कहा कि जिस शिष्य को गुरू खोजता हैं,वहीं गुरू और शिष्य सच्चा और मजबूत होता हैं। उन्होंने कहा कि अन्तस का रिद्म और शबद को जान न पाए तो अपने को पहचानना मुश्किल हैं। इसकी पहचान न होने की वजह से श्रेष्ठ जन्म लेने के बावजूद मनुष्य को चौरासी योनी का चक्कर दुबारा काटना पड़ जाता हैं। उन्होंने कहा कि जब तक शबद नहीं मिला तब तक ज्ञान भी अधूरा हैं। उन्होंने कहा कि माया मिलने के बाद भी मनुष्य मायापति को पहचान नहीं कर पाता। उन्होंने बंगला अजब बना महाराज जहां में नारायण बोले,पांच तत्व की ईंट बनाई,तीन गुणों का गारा भजन को गाते हुए इसकी व्याख्या की। उन्होंने कहा कि परमात्मा को जानने के लिए सांसो की गति पहचाननी होगी। उन्होंने कहा कि ज्ञान पर अनुभवी ही अधिकार रखता हैं। ज्ञान बिना मुक्ति संभव ही नहीं हैं। उन्होंने चेताया की जान कर भी अनजान बन जाए उसकी दुगर्ति निश्चित हैं। उन्होंने शिवरात्रि पर भांग घोटने वाले कथित नशेड़ी शिवभक्तों पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा शिव ने विषय-विकार रूपी भांग को घोटकर अपने भितर ज्ञान का प्रकाश फैलाने को कहा था। उन्होंने ईश्वर के साक्षात्कार के लिए इच्छूक लोगों से हाथ खड़े करवाए और तत्पश्चात उन्हें ट्रस्ट को अपना आवेदन प्रस्तुत करने को कहा। इस दौरान नवगठित ट्रस्ट पदाधिकारियों को शपथ दिलाते हुए कहा कि वे आपसी गुटबाजी के बजाए सभी सेवा भावना से कार्य करें। उन्होंने वे पदाधिकारियों के बजाय व्यक्ति के समर्पण पर भरोसे करते हैं। कार्यक्रम को पुलिस उपाधीक्षक मोहनलाल खिन्नीवाल,समाजसेवी रतनलाल जणवा चौधरी,अभिमन्युसिंह व नरेश ओझा ने संबोधित हुए राजस्थानी के सेवा प्रकल्पों की मुक्तकंठ से सराहना की। इस दौरान प्रधान श्रीमती सुशीला गौड़,थानाधिकारी गोपसिंह देवड़ा,डॉ.राजेश राठौड़,उपसरपंच टेकाराम प्रजापत,विक्रमसिंह,उपेन्द्र श्रीमाली,महेन्द्र शर्मा,राकेश मेवाड़ा,शनिधाम ट्रस्ट आलावास की निदेशिका मां श्रद्धा,मां दया एवं मां प्रेम अतिथि के रूप में मौजूद थे। प्रांरभ में अतिथियों सहित गणमान्य लोगों का दाती महाराज की ओर से लाल महाराज राजस्थानी ने माला व साफा पहनाने के साथ श्रीफल भेंट कर सम्मान किया। इस कार्यक्रम में भूदान करने वाले दानदाता अशोक,देवाराम,फकीरचंद,धनराज व श्रीमती छोटीबाई को भी सम्मानित किया गया। संचालन हितेश रामावत ने किया। कार्यक्रम के दौरान गायक भोमसिंह सोढ़ा व उनके साथियों ने सद्गुरू की स्तुति में भजन प्रस्तुत किए। कार्यक्रम में शनिधाम ट्रस्ट उपशाखा के समस्त पदाधिकारी,कमांडो व कार्यकर्ता पूरी व्यवस्था संभाल रहे थे।

Sunday, February 15, 2009

दाती महाराज के स्वागत में शनिभक्तों का सैलाब उमड़ा

देसूरी,15 फरवरी। यहां रविवार रात शनिधाम ट्रस्ट द्वारा प्रस्तावित गौशाला के लिए भूमि पूजन कार्यक्रम में पहूॅंचे शनिश्चरणानुरागी दाती पं.मदन राजस्थानी महाराज का राठेलाव चौराहें पर जोरदार स्वागत किया गया। उनके स्वागत में हजारो शनिभक्त दो घंटे तक अपने पलक-पांवड़े बिछाए बेसब्री से खड़े नजर आए।सांय पांच बजे गुरूलाल भेग नवल आश्रम के महंत एवं दाती महाराज के परम शिष्य लाल महाराज राजस्थानी की अगुवाई में कस्बेवासी बैंड के साथ झूमते-गाते राठेलाव चौराहें पर पहूॅंचें। चौराहें पर उमड़ा जनसैलाब हाथों में मालाए थामे अंधेरा घिरने के बावजूद इंतजार करता रहा। रात पौने आठ बजे पं. राजस्थानी के वाहनों का काफिला पहूॅंचा। शंभू भारती आश्रम पर लाल महाराज ने उनका स्वागत किया। बाद में काफिला राठेलाव चौराहें पर पहूॅंचे। इसी के साथ भीड़ पं. राजस्थानी को माला पहनाने,आर्शिवाद लेने व एक झलक पाने के लिए आतुर हो गई। इस स्थिति को देखते हुए शनिधाम के कमंाडो ने पं. राजस्थानी को अपने सुरक्षा घेरे में लिया और रथ तक पहूॅँचाया। इसी के साथ भीड़ में जयजयकार की गूंज होने लगी। इससे अभिभूत पं. राजस्थानी ने रथ के आगे आकर सभी का अभिवादन मंजूर किया और हाथ उठाते हुए सभी आर्शिवाद दिया। चौराहें पर प्रधान सुशीला गौड़,उपसरपंच टेकाराम प्रजापत,भाजयुमो नेता नरेश ओझा,युवक कांग्रेस नेता चंद्रशेखर मेवाड़ा,रामदेव सेवा समिति के फूसाराम माधव,राजस्थान शिक्षक संघ उपशाखा अध्यक्ष अल्लारक खां पठान,बसपा नेता जगदीश चौधरी सहित कई जनप्रतिनिधियों व समाजसेवीयों सहित शनिधाम ट्रस्ट के पदाधिकारियों ने स्वागत किया।बाद में बैंड म्हारा गुरू देव आवीया रे भजन पर गूंजने लगे और वरघोड़ा कस्बे की तरफ रवाना हो गया। रथ में उनके साथ लाल महाराज व समाजसेवी रतनलाल जणवा चौधरी सवार थे। बाद में कस्बे के विभिन्न मार्गो से होते हुए वरघोड़ा गुरूलालभेग नवल आश्रम पहूॅंचा। रास्ते में जगह-जगह कस्बेवासियों ने पं. राजस्थानी पर पुष्पवर्षा कर स्वागत किया। बाद में आश्रम पहूॅँचने पर परमशिष्य लाल महाराज ने अपने गुरू की चरण वंदना की। इस दृश्य को देखने के लिए श्रद्धालुओं की भारी तादाद मौजूद रही। देर रात राजस्थानी देसूरी-घाणेराव सडक़ मार्ग पर शनिधाम ट्रस्ट द्वारा प्रस्तावित गौशाला के भूमिपूजन में भाग लेने पहूॅँचे। उनके प्रवचन सुनने के लिए वहां हजारों की तादाद में शनिभक्त शामियाने में मौजूद थे।

Saturday, February 07, 2009

शनिधाम ट्रस्ट शाखा का गठन रवि को


दाति ब्लड़ बैंक का शुभारंभ भी होगा
देसूरी,7 फरवरी। कस्बे में दाति पं. मदन राजस्थानी द्वारा प्रस्तावित अनाथ बालक-बालिकाओं के लिए विद्यालय गौशाला निर्माण को देखते हुए स्थानीय स्तर पर शनिधाम ट्रस्ट शाखा का रविवार को गठन होगा। इसी के साथ जरूरतमंदो की जीवनरक्षा के लिए दाति ब्लड बैंक का शुभारंभ भी किया जाएगा।
पं.राजस्थानी के प्रमुख शिष्य लाल महाराज ने बताया कि इसके लिए रविवार सांय को गुरू लाल नवल भेग आश्रम पर जिले भर के शनि भक्तों की एक बैठक बुलाई गई हैं। इस बैठक में सर्वसम्मति से शाखा के सदस्य चुने जाएगें। सभी वर्ग क्षेत्र के लोगों को इसमें प्रतिनिधित्व देने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इसी के साथ दाति ब्लड बैंक के नाम से रक्तकोष का भी शुभारंभ किया जाएगा। इसके लिए रक्तदान करने के इच्छूक लोगों का पंजीयन भी किया जाएगा।